रायपुर। राजधानी रायपुर में गुरुवार सुबह से पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ देखने को मिली। शहर के कई पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल खत्म हो गया, जिसके बाद लोगों की लंबी कतारें लग गईं। हालात ऐसे हैं कि कई पंपों पर वाहनों में सीमित मात्रा में ही तेल दिया जा रहा है।
शास्त्री चौक, संतोषी नगर और मेकाहारा के सामने सहित शहर के करीब 15 से ज्यादा पेट्रोल पंपों में पेट्रोल और डीजल उपलब्ध नहीं रहा। वहीं टिकरापारा, भाठागांव और रिंग रोड स्थित जिन पंपों पर तेल उपलब्ध है, वहां सुबह से ही लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी।
इस मामले में पेट्रोल संगठन के अध्यक्ष अखिल धगत ने कहा, “पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है। प्रदेश में पर्याप्त स्टॉक मौजूद है, लेकिन लोग घबराहट में जरूरत से ज्यादा तेल भरवाने और स्टॉक करने में जुट गए हैं, जिसके कारण यह स्थिति बनी है।”
उन्होंने बताया कि पेट्रोलियम कंपनियों द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार ही पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति की जा रही है। पिछले वर्ष मई महीने में जिन कंपनियों को जितना पेट्रोल और डीजल दिया गया था, इस वर्ष भी उतनी ही मात्रा उपलब्ध कराई जा रही है। कुछ पंपों पर डीजल की कमी इसलिए हुई है क्योंकि वहां निर्धारित सीमा से अधिक बिक्री की गई है। हालांकि पेट्रोल की कोई विशेष कमी नहीं है।
बढ़ती भीड़ और पैनिक बाइंग को देखते हुए पेट्रोल पंप संचालकों ने वाहनों में तेल भराने की सीमा तय कर दी है। कारों में अधिकतम 1000 रुपये और बाइक में 400 रुपये तक का ही पेट्रोल दिया जा रहा है। ऑयल एसोसिएशन के पदाधिकारियों के अनुसार डीजल वितरण की सीमा कंपनियों ने तय की है। कंपनियों को आशंका है कि कुछ पंपों से इंडस्ट्री को डीजल बेचा जा रहा है।
इधर रायपुर के भाठागांव इलाके में दुर्ग-भिलाई और पाटन क्षेत्र से भी बड़ी संख्या में वाहन पेट्रोल भरवाने पहुंच रहे हैं। लोगों का कहना है कि वहां के कई पेट्रोल पंप खाली हो चुके हैं।
इंडियन ऑयल डीलर्स एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष वाशु मखीजा ने कहा, “डिपो में पंपों की गाड़ियां भर रही हैं और शाम तक बड़ी मात्रा में पेट्रोल और डीजल पंपों तक पहुंच जाएगा।”





