दुर्ग। भिलाई में सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर बेरोजगार युवाओं से लाखों रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी सातुम सेम्युल गुज्जर उर्फ आदी को गिरफ्तार कर लिया है, जो लोगों को फर्जी नियुक्ति पत्र देकर ठग रहा था।
रसूख दिखाकर करता था ठगी
आरोपी खुद को प्रभावशाली व्यक्ति बताकर लोगों का भरोसा जीतता था। वह नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से रायपुर मंत्रालय और भिलाई के प्रसिद्ध कॉफी हाउस जैसे स्थानों पर मुलाकात करता था, ताकि उस पर किसी को शक न हो।
फर्जी नियुक्ति पत्र देकर वसूले लाखों
आरोपी ने उपासना देशमुख समेत चार लोगों को शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग और बीएसपी में नौकरी लगाने का झांसा दिया। विश्वास दिलाने के लिए उसने पीड़ितों को फर्जी जॉइनिंग लेटर भी थमाए। इसके एवज में उसने कुल 16 लाख 15 हजार रुपये की ठगी की।
ऐसे हुआ खुलासा
मामले का खुलासा तब हुआ जब पीड़िता उपासना देशमुख अपने जॉइनिंग लेटर के साथ नौकरी ज्वाइन करने पहुंची। वहां पता चला कि दस्तावेज पूरी तरह फर्जी हैं। इसके बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई।
सीएसपी भिलाई नगर सत्यप्रकाश तिवारी ने बताया कि, “अभी तक की विवेचना में आरोपी के द्वारा ही कूटरचित दस्तावेज बनाना और रकम लेना सामने आया है, आगे पुलिस जांच कर रही है”
पुलिस की कार्रवाई
भिलाई नगर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से फर्जी दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य भी बरामद किए गए हैं। आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी की धाराओं 420, 467 और 468 के तहत मामला दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि इस मामले में कोई और व्यक्ति शामिल तो नहीं है।





