मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल को नए साल से पहले बड़ी सौगात मिली है। शहर में मेट्रो सेवा की आधिकारिक शुरुआत हो गई है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने मेट्रो को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। 21 दिसंबर से यह सेवा आम नागरिकों के लिए उपलब्ध होगी।
भोपाल मेट्रो को केवल एक परिवहन परियोजना नहीं, बल्कि शहर के भविष्य की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। शुरुआती चरण में मेट्रो करीब 7 किलोमीटर के प्रायोरिटी कॉरिडोर पर संचालित होगी, जो सुभाष नगर से लेकर एम्स स्टेशन तक यात्रियों को सुविधा देगी।
मेट्रो सेवा शुरू होने से भोपाल को ट्रैफिक जाम की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। रोजाना दफ्तर, स्कूल, कॉलेज और अन्य कार्यों के लिए यात्रा करने वाले लोगों को अब तेज, सुलभ और किफायती परिवहन विकल्प मिलेगा।
आधुनिक तकनीक से लैस भोपाल मेट्रो में यात्रियों की सुविधा के लिए लिफ्ट, एस्केलेटर, डिजिटल डिस्प्ले बोर्ड और मजबूत सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। कोचों में आरामदायक सीटें और सीसीटीवी निगरानी भी उपलब्ध है। फिलहाल मेट्रो तीन कोच के साथ प्रायोरिटी कॉरिडोर पर दौड़ेगी।
भोपाल मेट्रो के आठ स्टेशन
एम्स से सुभाष नगर तक के इस 7 किलोमीटर लंबे कॉरिडोर में कुल आठ स्टेशन शामिल हैं—
सुभाष नगर, केंद्रीय विद्यालय, बोर्ड ऑफिस, एमपी नगर, रानी कमलापति, डीआरएम ऑफिस, अलकापुरी और एम्स स्टेशन।




