भारत और यूरोपीय संघ के बीच मुक्त व्यापार समझौते का ऐलान हो चुका है और इसके फायदों के बारे में भी कई बातें कही जा रही हैं. लेकिन, इस डील जो सबसे बड़ा फायदा होगा, उसके बारे में अभी तक ज्यादा कुछ नहीं बताया गया. टाटा समूह के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने इन फायदों का खुलासा किया है. उन्होंने कहा कि भारत-ईयू डील को ऐसे ही नहीं ‘मदर ऑफ आल डील्स’ कहा जा रहा है. इसके असली फायदे जानेंगे तो आपकी भी आंखें खुली रह जाएंगी.
चंद्रशेखरन ने कहा कि यह बात तो सभी जानते हैं कि इस ट्रेड डील से भारत के निर्यात को फायदा होगा, लेकिन असली खेल तो मैन्युफैक्चरिंग में आएगा. उन्होंने कहा कि इस डील से सिर्फ यूरोपीय कंपनियां ही भारत में आकर विनिर्माण नहीं करेंगी, बल्कि भारतीय कंपनियां भी यूरोपीय देशों में जाकर उनके साथ मैन्युफैक्चरिंग कर सकेंगी. यह समझौता देश में सैकड़ों नई फैक्ट्रियां लगाने में मदद करेगा, जिससे 1 करोड़ से भी ज्यादा जॉब पैदा हो सकेंगी. इस डील से देश के लाखों युवाओं का नौकरी का सपना भी पूरा हो सकेगा.




