सियोल में एक बेहद अनोखी प्रतियोगिता ने लोगों का ध्यान खींचा है, जहां दौड़ने या खेलने के बजाय सोकर जीतने का मौका दिया गया। ‘पावर नैप कॉन्टेस्ट’ नाम के इस आयोजन में बड़ी संख्या में लोग हान नदी के किनारे एक पार्क में पहुंचे, जहां उनका मकसद कुछ देर की गहरी और सुकून भरी नींद लेना था।
इस प्रतियोगिता की खास बात यह रही कि इसमें जीतने के लिए मेहनत नहीं, बल्कि सही तरीके से आराम करना जरूरी था। बदलती जीवनशैली और बढ़ते तनाव के बीच यह आयोजन लोगों को अच्छी नींद के महत्व का संदेश भी देता है।
इस इवेंट का आयोजन सियोल मेट्रोपॉलिटन गवर्नमेंट द्वारा किया गया, और यह इसका तीसरा साल था। प्रतिभागियों को पहले से निर्देश दिया गया था कि वे थके हुए आएं, पेट भरकर आएं और नींद से जुड़े मजेदार कॉस्ट्यूम पहनकर हिस्सा लें।
दक्षिण कोरिया में काम और पढ़ाई का दबाव इतना अधिक है कि लोगों को पर्याप्त नींद नहीं मिल पाती। कई युवा केवल 3–4 घंटे की नींद लेकर ही दिन गुजारते हैं, जिससे थकान और तनाव बढ़ रहा है।
प्रतियोगिता में शामिल एक छात्र पार्क जुन-सोक ने बताया, “उनकी नींद पूरी नहीं हो पाती, इसलिए वो दिन में झपकी लेकर खुद को संभालते हैं।”
इवेंट के दौरान प्रतिभागी अलग-अलग दिलचस्प कॉस्ट्यूम में नजर आए—कोई राजा के रूप में तो कोई कोआला बनकर पहुंचा। 24 वर्षीय यू मी-योन ने कहा, “उन्हें नींद की समस्या है, इसलिए वो यहां आराम करने आई थीं।”
प्रतियोगिता के दौरान सभी प्रतिभागियों ने मास्क पहनकर सोना शुरू किया और आयोजकों ने हार्ट रेट मॉनिटरिंग के जरिए यह आंका कि कौन सबसे गहरी नींद में है। इसी आधार पर विजेता का चयन किया गया।
इस अनोखी प्रतियोगिता में 80 साल के एक बुजुर्ग ने पहला स्थान हासिल किया, जबकि ह्वांग डू-सोंग दूसरे स्थान पर रहे।
यह आयोजन केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भी बताता है कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में अच्छी नींद और आराम भी उतना ही जरूरी है।





