केंद्र सरकार ने महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) में 2% की बढ़ोतरी कर दी है. इस फैसले के बाद अब केंद्रीय कर्मचारियों का कुल महंगाई भत्ता बढ़कर 60% हो गया है. बढ़ा हुआ डीए कर्मचारियों को 1 जनवरी 2026 से मिलेगा. इसका मतलब है कि कर्मचारियों को पिछले महीनों का एरियर भी दिया जाएगा. आइए जानते हैं कि इस फैसले का सरकारी खजाने और कर्मचारियों की जेब पर क्या असर पड़ेगा.
महंगाई भत्ते की गणना हमेशा कर्मचारी के ‘बेसिक पे’ (Basic Pay) के आधार पर की जाती है. इस फैसले से न केवल 50.46 लाख कार्यरत कर्मचारी लाभान्वित होंगे, बल्कि देश के करीब 68 लाख पेंशनभोगियों को भी महंगाई राहत (DR) में बढ़ोतरी का फायदा मिलेगा. इस 2% की वृद्धि से सरकारी खजाने पर सालाना 6,791 करोड़ रुपये का अतिरिक्त वित्तीय भार आएगा. सरकार का यह कदम बढ़ती महंगाई के बीच कर्मचारियों की क्रय शक्ति को बनाए रखने के लिए उठाया गया है.
इस बढ़ोतरी के बाद कर्मचारी के मासिक वेतन में 1,000 रुपये की सीधी वृद्धि होगी. सालाना आधार पर देखें तो 50,000 बेसिक सैलरी वाले कर्मचारी की आय में 12,000 रुपये का इजाफा होगा. इसी तरह, जिन कर्मचारियों की बेसिक सैलरी अधिक है, उन्हें मिलने वाला लाभ भी उतना ही ज्यादा होगा.
₹20,000 बेसिक सैलरी वालों को कितना फायदा
जिन कर्मचारियों की बेसिक सैलरी ₹20,000 है, उन्हें अभी तक 58% की दर से ₹11,600 डीए मिल रहा था. अब 60% डीए होने पर यह राशि बढ़कर ₹12,000 हो जाएगी. इसका मतलब है कि उनको हर महीने ₹400 रुपये ज्यादा मिलेंगे. सालाना आधार पर देखें तो यह लाभ ₹4,800 का होगा.




