बालोद जिले के ग्राम जगतरा में शुक्रवार को तेंदुए के रेस्क्यू के दौरान अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कुएं में गिरे तेंदुए को बाहर निकालने के दौरान वह अचानक भीड़ की ओर दौड़ पड़ा, जिससे गांव में भगदड़ मच गई। खुद को बचाने के लिए कई महिलाओं ने अपने छोटे बच्चों के साथ तालाब में छलांग लगा दी।
जानकारी के अनुसार, सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र के ग्राम जगतरा में एक तेंदुआ कुएं में गिर गया था। इसकी सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और करीब पांच घंटे तक रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। शुरुआत में तेंदुए को पिंजरे की मदद से पकड़ने की कोशिश की गई, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर जेसीबी मशीन का सहारा लिया गया।
लेकिन जैसे ही तेंदुआ जमीन पर आया, वह बेकाबू होकर भागने लगा। अचानक तेंदुए को अपनी ओर आता देख लोगों में चीख-पुकार मच गई और हर कोई जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगा।
तालाब के पास खड़ी महिलाओं और बच्चों की स्थिति सबसे ज्यादा डरावनी हो गई थी। तेंदुए से बचने का कोई रास्ता नहीं दिखने पर महिलाओं ने अपने बच्चों को लेकर सीधे तालाब में छलांग लगा दी। इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
घटना के बाद गांव में दहशत का माहौल है। तेंदुआ अब भी गांव के रिहायशी इलाके या आसपास के खेतों में छिपा बताया जा रहा है। लोग घरों में कैद हैं और छतों से हालात पर नजर बनाए हुए हैं। वन विभाग और पुलिस की टीम लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही है, लेकिन अभी तक तेंदुआ पकड़ में नहीं आया है।
एसडीएम नूतन कंवर ने कहा, “सुबह DFO से जानकारी मिली थी। फिलहाल राजस्व विभाग की टीम को कहा गया है कि यहां मुनादी करा दी जाए और गांव वालों को अलर्ट किया जाए, तेंदुए के नजदीक ना जाएं।”
प्रशासन ने गांव और आसपास के इलाकों में मुनादी कराकर लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। ग्रामीणों से शाम के समय घरों से बाहर न निकलने और मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर बांधने की अपील की गई है।





