अवलोकन के दौरान विद्यालय परिसर में स्मार्ट क्लास, आवश्यक अधोसंरचना विकास एवं अन्य शैक्षणिक सुविधाओं के विस्तार पर विशेष रूप से चर्चा की गई। साथ ही NEET एवं JEE जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के लिए “सुपर-30” योजना अंतर्गत विशेष कोचिंग एवं मार्गदर्शन व्यवस्था प्रारंभ करने की दिशा में भी कार्य किया जा रहा है, ताकि दुर्ग के विद्यार्थियों को बड़े शहरों जैसी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी की सुविधाएं अपने ही क्षेत्र में उपलब्ध हो सकें।
स्कूल शिक्षा मंत्री श्री यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर कार्य करते हुए प्रत्येक विद्यार्थी के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण हेतु संकल्पित है तथा शैक्षणिक संस्थानों के उन्नयन एवं आधुनिक सुविधाओं के विस्तार के माध्यम से बेहतर शिक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार प्रयासरत है।




