कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और तिरुवनंतपुरम से सांसद शशि थरूर ने आईएएनएस के साथ एक खास बातचीत में तृणमूल कांग्रेस में हुई टूट पर अपनी राय रखी. थरूर ने कहा कि सच कहूं तो मुझे नहीं लगता कि किसी को भी इस बात पर शक है कि इसमें कुछ लालच, कुछ फायदे या कुछ धमकियां शामिल रही होंगी. ऐसा सिर्फ सत्ताधारी पार्टी की तरफ से ही हो सकता है क्योंकि उनके पास ही ताकत है.
बागी सांसदों द्वारा एनडीए को समर्थन करने के फैसले का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भारत की राजनीति अब बिना सिद्धांतों वाली राजनीति बन गई है. उन्होंने कहा, “जैसा कि आप जानते हैं, जो सबसे बड़ा गुट अलग हुआ, यानी तृणमूल कांग्रेस के 20 सांसद, उन्होंने खुलकर कहा है कि वे अब एनडीए के साथ जुड़ेंगे. ये वही सांसद हैं जो पिछले 12 सालों से एनडीए पर हमले करते रहे हैं. ऐसे में अचानक उनमें ये गुण दिखना बताता है कि हमारे देश की राजनीति बिना सिद्धांतों वाली राजनीति हो गई है और यह काफी दुखद है.”




