मंत्रिमंडल का बड़ा तोहफा”: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और मंत्री अरुण साव के फैसले से सड़क ठेकेदारों को राहत, जनता को मिलेंगी बेहतर सड़कें
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार ने सड़क निर्माण कार्यों को गति देने और आम जनता को खराब सड़कों की परेशानी से राहत दिलाने की दिशा में बड़ा फैसला लिया है। मंत्रिमंडल की बैठक में डामर की लगातार बढ़ती कीमतों को लेकर गंभीर चर्चा के बाद सड़क ठेकेदारों को सीमित एवं आंशिक मूल्य राहत देने का निर्णय लिया गया, जिसे निर्माण एजेंसियों और आम लोगों दोनों के लिए महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
लोक निर्माण विभाग के मंत्री अरुण साव की पहल और लगातार निगरानी के चलते सरकार ने यह निर्णय लिया है कि 1 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 तक सड़क निर्माण कार्यों में डामर की कीमतों में हुई असाधारण बढ़ोतरी का कुछ अतिरिक्त भार राज्य सरकार स्वयं वहन करेगी। माना जा रहा है कि इस फैसले से सड़क निर्माण कार्यों की रफ्तार प्रभावित नहीं होगी और अधूरी परियोजनाएं तेजी से पूरी हो सकेंगी।
सरकार का मानना है कि वैश्विक परिस्थितियों और पेट्रोलियम उत्पादों की कीमतों में अप्रत्याशित वृद्धि के कारण सड़क निर्माण परियोजनाओं की लागत लगातार बढ़ रही थी, जिससे कई कार्य धीमे पड़ने लगे थे। ऐसे में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने विकास कार्यों की गति बनाए रखने और जनता को समय पर बेहतर सड़क सुविधा उपलब्ध कराने को प्राथमिकता देते हुए त्वरित निर्णय लिया।
बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि खराब सड़कों की वजह से आम लोगों को रोजाना परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर शहरों तक सड़कें लोगों की जिंदगी, व्यापार और यातायात की रीढ़ हैं। सरकार नहीं चाहती कि लागत बढ़ने की वजह से सड़क निर्माण कार्य प्रभावित हों और जनता को खराब एवं अधूरी सड़कों से जूझना पड़े।
हालांकि सरकार ने स्पष्ट किया है कि यह राहत केवल डामर की कीमतों में हुई असाधारण वृद्धि तक सीमित रहेगी। अन्य निर्माण सामग्रियों पर पहले से लागू मूल्य वृद्धि नियम यथावत प्रभावी रहेंगे।
सरकार के इस फैसले के बाद प्रदेश में लंबित और धीमी पड़ी सड़क परियोजनाओं को नई गति मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। साथ ही यह संदेश भी गया है कि राज्य सरकार विकास कार्यों में किसी प्रकार की रुकावट नहीं आने देना चाहती और आम जनता को बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।




